नुक्ताचीनी ~ Hindi Blog


Posts Tagged ‘nirantar’

निरंतर में पाठकों की पूरी हिस्सेदारी हो: प्रत्यक्षा

By • Jul 28th, 2006 • Category: ज़िंदगी आनलाईन, अतिथि का चिट्ठा

निरंतर काउंटडाउन भाग ५ जब चिट्ठाकारी शुरु की लगभग उसी समय निरंतर से भी परिचय हुआ। पहली बार पढकर बहुत आनंद आया। इसलिये कि एक तो पढने का कुछ और मसाला मिला और दूसरे इसलिये कि ये पत्रिका कुछ अलग किस्म की लगी थी। अन्य जाल पत्रिकाओं से अलग इस मायने में थी कि कहानी […]



‘निरंतर’ हिंदी चिट्ठाकारों के सरोकार की आवाज़: ईस्वामी

By • Jul 27th, 2006 • Category: ज़िंदगी आनलाईन, अतिथि का चिट्ठा

निरंतर काउंटडाउन भाग 4 निरंतर को इसके प्रारंभ से ही लेखन और प्रकाशन की एकाधिक विधाओं की वर्णसंकरी (हाईब्रीड) के रूप मे देखता रहा हूँ। इन्टरनेट पर होते हुए भी माह में एक ही बार ‘टपकती’ निरंतर इलेक्टॉनिक माध्यम वाली द्रुत अविरलता से नहीं बहती। वहीं हर अंक के प्रकाशन से ही द्वीदिशी संवाद के […]



विज़डम आफ क्राउड्स महज़ किताबी बात नही

By • Jul 25th, 2006 • Category: ज़िंदगी आनलाईन, व्यक्तिगत

निरंतर काउंटडाउन भाग 2 बिल्कुल यही वजह है कि निरंतर, सिर्फ एक मैगैज़ीन नहीं, ब्लॉगज़ीन है। निरंतर के लेखों में सिर्फ संपादक मंडल की ही नही, इसके लेखकों की ही नही वरन् आपकी राय भी सम्मिलित होनी चाहिए। इसी कड़ी में निरंतर के अगस्त अंक में प्रारंभ किया जा रहा है एक नया स्तंभ “जनमंच“। […]



एक और प्रथमः इंटरैक्टिव कहानी

By • Jul 24th, 2006 • Category: ज़िंदगी आनलाईन, व्यक्तिगत

निरंतर काउंटडाउन भाग १ निरंतर एक अभिनव प्रयोग रहा है। यह पहली ऐसी पत्रिका है जो न केवल गैरपेशेवर प्रकाशकों द्वारा निकाली जाती है बल्कि पाठकों को प्रकाशित लेखों पर त्वरित टिप्पणी करने का मौका भी देती है। इस तरह ये सिर्फ ज़ीन नहीं, विश्व की प्रथम ब्लॉगज़ीन बन सकी। किसी भी प्रकाशन में पाठकों […]